सब कहते हैं कुछ जादू हैं मेरी बातों में,
तुम भी समझ जाओगे कुछ मुलाकातों में.
ख़ुशी के अश्को में बदल दूंगा हूँ मैं उन आंसू को,
जो भिगोते हैं तेरा दामन रातों में.
दुःख से ना कोई वासता होगा तेरा,
तुम भी मुस्कुराओगे खयालातो में.
इस जहाँ को भुला दोगे ये वादा हैं मेरा,
जब भी देखोगे मेरा हाथ अपने हाथों में.
.............अमित पंडित
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