Sunday, 20 June 2021

वो पिता हैं


पुत्रों के ख़ातिर 
जो हलाहल पीता हैं 
वो पिता हैं 

गुनाह हो जो भी 
माफ़ करे हर ख़ता हैं
वो पिता हैं

खुद को भूल
बच्चों के लिए जीता हैं
वो पिता हैं

परिवार के पेट के लिए जिसका 
भूखा दिन जिसका बीता हैं 
वो पिता हैं 

संतानो के लिए जो 
हर जंग जीता हैं 
वो पिता हैं 

... अमिदित्या