कल होगा संघर्ष नया
तो क्या ये रात खोने ना दूं
कल की चिंता से डर कर
क्या फिर सुबह होने ना दूं
माना कठिन हैं इस जीवन में
सारे सपने पूरे होना
इस बात से भयभीत हो
क्या सपनो को जीने ना दूं
अटल अडिग साहस ले
मैं निर्भय खड़ा सदा
तो फिर व्यर्थ विचार ले
क्यों खुद को उठने ना दूं
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